चंडीगढ़। श्री दुर्गा मंदिर, सेक्टर-41ए में रविवार को एक दिवसीय दिव्य गौ कथा का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और उत्साहपूर्ण वातावरण में किया गया। इस अवसर पर गौ सेवा प्रमुख, पंजाब के संचालक पूज्य चंद्रकांत जी ने गौ माता की महिमा, सनातन संस्कृति में गौ सेवा के महत्व तथा गौ माता के आध्यात्मिक स्वरूप पर विस्तार से प्रकाश डाला।
अपने प्रवचन में उन्होंने कहा कि गौ माता भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक परंपरा का अभिन्न अंग हैं। उन्होंने गौ सेवा को मानव कल्याण और धर्म संरक्षण का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए कहा कि गाय के गोबर में लगभग 16 प्रकार के उपयोगी खनिज एवं पोषक तत्व पाए जाते हैं, जिनका विभिन्न क्षेत्रों में उपयोग होता है।
कथा के दौरान मंदिर परिसर भक्ति रस से सराबोर रहा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन, कथा श्रवण और आरती में भाग लेकर गौ माता का आशीर्वाद प्राप्त किया। श्रद्धालुओं ने पूरे उत्साह और आस्था के साथ धार्मिक आयोजन में सहभागिता निभाई।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में मंदिर समिति के सचिव मनोहर लाल, देशराज चौधरी, सुरेश कुमार शर्मा, आदर्श नरूला, राज मित्तल, राम भज, महिला मंडल प्रधान अनीता कुमारी, महासचिव मीरा राणा सहित मंदिर प्रबंधन समिति के पदाधिकारियों, सदस्यों और सेवाभावी भक्तों का विशेष योगदान रहा।
समापन अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने गौ माता की सेवा, संरक्षण और सनातन संस्कृति के मूल्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। मंदिर समिति ने आयोजन की सफलता के लिए सभी सहयोगियों एवं भक्तजनों का आभार व्यक्त किया।















